जयपुर। राजस्थान में दो दिन बाद होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए कल शाम यानी 23 नवंबर को प्रचार थम जाएगा। पिछले एक हफ्ते से लगातार चल रही बीजेपी और कांग्रेस के दिग्गजों की सभाओं का भी कल अंतिम दिन होगा। बीते कुछ दिनों से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, प्रदेश की पूर्व सीएम वसुंधरा राजे और उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ सहित कई दिग्गज बैक टू बैक सभाएं और रोड़ शो कर रहे हैं। विधानसभा चुनाव के प्रचार अभियान के अंतिम दौर से ठीक पहले प्रधानमंत्री मोदी और पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे एक मंच पर नजर आए। इसके बाद सियासी गलियारों में अटकलों का दौर शुरू हो गया कि राजे और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के शीर्ष नेतृत्व के बीच सब ठीक-ठाक है।

पीएम मोदी और वसुंधरा आए एक मंच पर साथ
राजनीतिक जानकार मान रहे हैं कि मतदान से ठीक पहले इस चुनावी सभा के जरिए बीजेपी की ओर से मतदाताओं को ‘संदेश’ देने की कोशिश की गई है। राज्य में विधानसभा चुनाव के तहत मतदान 25 नवंबर को होना है। प्रचार का शोर दो दिन बाद थम जाएगा। मतदान से कुछ ही दिन पहले मोदी व राजे के एक साथ एक मंच पर आने और इसकी तस्वीर सोशल मीडिया पर जमकर साझा किए जाने के इसलिए भी निहितार्थ निकाले जा रहे हैं क्योंकि बीजेपी ने इस चुनाव में किसी को भी मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित नहीं किया है।

इस चुनाव में बीजेपी का चेहरा ‘कमल का फूल’
आपको बता दें कि खुद प्रधानमंत्री राज्य में अपने शुरुआती चुनावी भाषणों में कहा चुके हैं कि इस चुनाव में बीजेपी का चेहरा ‘कमल का फूल’ है। मोदी ने अक्तूबर माह में चितौड़गढ़ जिले में हुई एक रैली में यह बात कही थी और उसमें राजे भी मौजूद थीं। ज्ञातव्य है कि कमल बीजेपी का चुनाव चिह्न है। राजे के समर्थक जबकि उन्हें इस दौड़ में सबसे आगे मानते हैं वहीं सत्तारूढ़ कांग्रेस चुनाव में मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित ना करने को लेकर बीजेपी पर निशाना साधती रही है और इसे राज्य में बीजेपी की अंदरूनी खींचतान बताती रही है। हालांकि इस बारे में कुछ भी सार्वजनिक टिप्पणी करने से राजे बचती रही हैं।

अटकलों का दौर शुरू
बीते दिनों कांग्रेस की नेता प्रियंका गांधी ने अपनी सभाओं में बीजेपी को ‘पूरी तरह बिखरी हुई पार्टी’ बताते हुए दावा किया था कि इसमें सारे बड़े नेताओं को किनारे कर दिया गया है। जानकारों के अनुसार मोदी और राजे ने शायद इसी को लेकर संदेश देने की कोशिश की है। हालांकि पार्टी के एक प्रवक्ता ने इस बारे में टिप्पणी से इनकार किया। राजे ने मंच से न केवल मोदी की मुक्त कंठ से प्रशंसा की बल्कि यहां तक कहा कि देश की जनता 2024 में सत्ता की हैट्रिक लगाने के लिए प्रधानमंत्री मोदी का बेसब्री से इंतजार कर रही है। अगले साल लोकसभा के चुनाव होने हैं।

फ्रेम में दो बड़े चेहरे मोदी और राजे
पीएम मोदी ने मंगलवार को राजस्थान में अपने धुआंधार चुनावी दौरे की शुरुआत अंता (बारां) में चुनावी सभा से की। हाडोती इलाके में इस सभा के दौरान मंच पर राज्य के बड़े नेताओं में केवल राजे थीं। इसके अलावा उनके बेटे व सांसद दुष्यंत सिंह और पार्टी के स्थानीय प्रत्याशी थे।
राजनीति के जानकारों के अनुसार हाल ही के समय में इस तरह का पहला मौका था। और मंच पर मोदी का जब फूलों की बड़ी माला से स्वागत किया तो फ्रेम में दो बड़े चेहरे मोदी व राजे के ही थे। मंच पर मोदी के एक ओर राजे व दूसरी ओर दुष्यंत बैठे थे। कार्यक्रम के दौरान मोदी इन दोनों से संवाद करते भी नजर आए।

जनता को बीजेपी की हैट्रिक का इंतजार
अपने संबोधन में राजे ने कहा कि मोदी का लोहा पूरा देश मानता है और आज पूरा विश्व उनका नेतृत्व स्वीकारता है। अगले साल होने वाले लोकसभा चुनावों की ओर इशारा करते हुए उन्होंने कहा, देश की जनता 2024 में हैट्रिक के लिए मोदी जी का बेसब्री से इंतजार कर रही है।

मंच से गरजीं राजे, पीएम की तरीफ की
पूर्व सीएम वसुंधरा ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की योजनाओं के माध्यम से लोगों को संबल मिला है। यही नहीं उन्होंने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर जमकर हमला भी बोला और कहा कि कांग्रेस नेतृत्व वाली सरकार की योजनाएं सिर्फ अखबारों में हैं। वहीं अपने संबोधन में मोदी ने सभा में उमड़ी भीड़ के बारे में दुष्यंत सिंह से हुई चर्चा का जिक्र किया और कहा कि यह जनसमूह दिखाता है कि हाडोती के मन में राजस्थान में परिवर्तन की भावना कितनी प्रचंड है।

मंच पर दुष्यंत सिंह के नाम की चर्चा
एक तरफ जहां वसुंधरा मोदी के मंच पर चुप सी दिखती थीं और भाषण भी नहीं देती थीं वहीं इस बार नजारा अलग दिखा। अंता में मंच पर पीएम मोदी के दाहिने तरफ वसुंधरा राजे और बायीं ओर उनके बेटे और सांसद दुष्यंत थे। पीएम मोदी राजे और उनके बेटे से सहज होकर बात करते दिखे। इस दौरान वे मुस्कुराए भी। दुष्यंत ने पगड़ी पहनाकर उनका अभिवादन किया और पैर छूने को हुए तो मोदी ने रोक लिया। पीएम मोदी ने मंच पर दुष्यंत सिंह का नाम लेते हुए कहा कि मैं उनसे पूछ रहा था कि इतनी भीड़ है और दूर तक लोग बैठे हैं। क्या मेरी आवाज उनतक पहुंच जाएगी। तो दुष्यंत जी ने कहा कि हां… हमने इसकी टेस्टिंग पहले ही कर ली है।

बीजेपी जीती जो वसुंधरा राजे ही बनेंगी सीएम
पीएम मोदी के साथ मंच पर राजे का ये अंदाज देख सियासी गलियारों में ये चर्चा तेज हो गई है कि बीजेपी जीती जो वसुंधरा राजे ही सीएम बनेंगी। राजस्थान की जनता के लिए सबसे बड़ा सवाल ये है कि बीजेपी जीती तो कौन होगा सीएम। मंचों पर राजे की भूमिका, पार्टी में उनकी भूमिका और उनके समर्थकों को टिकट मिलने के तमाम पैमानों के आधार पर ये कयास लगाए जाते रहे कि राजे को पार्टी दरकिनार कर रही है। वहीं मतदान के ठीक 3 दिन पहले इस बिग पॉलिटिकल पिक्चर ने एक बार फिर राजे के सीएम फेस होने की बात को हवा दे दी है।