
8 मार्च को राजस्थान की मुख्यमंत्री अपने कार्यकाल का चौथा बजट पेश करने जा रही हैं। राजस्थान के लिए मुख्यमंत्री राजे हर बार कुछ ने कुछ नया लेकर आती हैं ऐसे में इस बार भी प्रदेश के लोगों को राजे के पिटारे से बहुत कुछ उम्मीदें हैं। मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे बजट को विधानसभा में रखने से पहले स्वयंसेवी संगठनों सिविल सोसायटी, उपभोक्ता मंच, युवाओं, महिलाओं, प्रोफेशनल्स,प्रतिभाशाली छात्र-छात्राओं आदि के साथ बजट पूर्व संवाद किया था जिनसे बजट को बेहतर बनाने में राज्य सरकार को सहायता मिलेगी।
मुख्यमंत्री राजे ने लिए बजट सुझाव
मुख्यमंत्री राजे ने विभिन्न संस्थाओं के प्रतिनिधियों से प्रदेश में शिक्षा, कौशल विकास,चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं,महिला सशक्तीकरण,पर्यटन, खेलो में सुधार सहित अन्य क्षेत्रों के विकास एवं उन्नयन को लेकर सुझाव मांगे थे। राजस्थान आज देश के सबसे अग्रणी और विकासशील राज्यों में से एक हैं ऐसे में सभी क्षेत्रों के लोगों को राजे के पिटारे से खासी आकांक्षाए बन गई हैं।
कई क्षेत्र को लोगों को मिलेगी विशेष राहत
मुख्यमंत्री राजे के चौथे बजट से प्रदेश की जनता को कई उम्मीदे हैं। राजस्थान में शिक्षा, रोजगार, स्वयंसेवी संस्था, खेल, पर्यटन, महिला सश्क्तीकरण, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाओं आदि से जुड़े लोगों को राहत की खबर की उम्मीद हैं। मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे इस बार इन क्षेत्र के लोगों को विशेष राहत प्रदान कर सकती हैं। कौशल विकास को मजबूत बनाने को लेकर राजस्थान सरकार प्रयास कर रही हैं साथ ही प्रदेश में नए रोजगार के अवसर भी देने के लिए राज्य सरकार पूरे प्रयत्न कर रही हैं। आगामी बजट राज्य के लिए उत्साही बजट रहेगा।
बजट को टिकाई और विकासोन्मुखी बनाना
बजट से पहले मुख्यमंत्री ने कहा था कि राज्य सरकार का प्रयास प्रदेश के बजट को अधिक समावेशी टिकाऊ और विकासोन्मुखी बनाना है। इस दिशा में हमने बजट प्रक्रिया में समाज के सभी वर्गों की भागीदारी ली जा रही है। समाज के हर वर्ग के विशेषज्ञों और प्रतिनिधियों से सुझाव लिया जा रहा है ताकि धरातल की वास्तविकता जानकर बजट तैयार किया जा सके।





