केंद्र सरकार ने भरतपुर को एक बड़ी सौगात दी है. केंद्र सरकार ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की सिफारिश पर भरतपुर के सारस चौराहा पर एलिवेटेड फ़्लाईओवर के निर्माण हेतु 201 करोड़ रुपये तथा 5 किलोमीटर सर्विस लाइन रोड के लिए 118 करोड़ रुपये की ऐतिहासिक स्वीकृति जारी की है.केंद्रीय सड़क व परिवहन मंत्रालय ने इसकी स्वीकृति जारी कर इसके लिये टेंडर भी आमंत्रित कर दिए है. जिस पर भरतपुर वासियो ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सहित केंद्र सरकार का आभार जताया है. इससे भरतपुर के विकास में एक और नया अध्याय जुड़ेगा, इस परियोजना से यातायात जाम से राहत, समय की बचत, सुरक्षित आवागमन और भरतपुर के समग्र विकास को नई ऊँचाइयों तक ले जाने में मील का पत्थर साबित होगा.

भरतपुर के सारस चौराहे पर लंबे समय से एलिवेटेड रोड़ निर्माण की मांग चली आ रही है. जयपुर-आगरा नेशनल हाइवे पर भरतपुर की सीमा क्षेत्र में कई जगह ब्लैक स्पॉट चिन्हित किये गए. जिनमें प्रमुख रूप से सारस चौराहा, शीशम तिराहा और ऊंचा नगला प्रमुख ब्लॉक स्पॉट के रूप में चिन्हित किये गए हैं. अब इन तीनों स्थान सारस चौराहा, शीशम तिराहा ऊंचा नगला पर निर्माण होगा. जिसके तहत अण्डरपास, एलिवेटेड रोड़ और 5 किमी की सर्विस रोड़ सारस चौराहे के दोनों तरफ बनेगी. टेंडर नोटिस में लगभग दो वर्ष में फ़्लाइओवर्स के निर्माण और सर्विस रोड का कार्य 18 माह में पूरा करने की बात कही गई है . इस कार्य के पूरा होने से दुर्घटनाओं से मुक्ति मिल सकेगी और आवागमन की राह भी आसान हो सकेगी.

इसके निर्माण से सारस चौराहे के दूसरी तरफ रहने वाले 2 दर्जन कॉलोनीयो के सेकेंडो लोगों को राहत मिलेगी. गौरतलब है कि सारस चौराहे पर फ़्लाई ओवर और एलिवेटेड रोड़ का मुद्दा देश की सबसे बड़ी पंचौत संसद में भी उठ चुका है, भरतपुर सांसद संजना जाटव इस मामले को लेकर सदन में सवाल उठा चुकी है. विभिन्न मीडिया प्लेटफार्म पर भी यह मामला उठ चुका है, यही नहीं इसको लेकर एक पीआईएल भी हाईकोर्ट में दाखिल की जा चुकी है, क्योंकि यह स्थान बड़े ब्लैक स्पॉट के रूप में विकसित हो चुका है. जहां आये दिन हादसे होते रहते हैं. हालांकि हादसों को रोकने के लिए सड़क के बीच के कट को बंद कराया उससे हादसे तो कम हुए, लेकिन रांग सेड के चलते लोग हादसे का शिकार बम रहे थे. अब जब एलिवेटेड रोड़ में अण्डरपास बन जाएंगे तो लोग आसानी से आवागमन कर सकेंगे.

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का गृह जिला होने की वजह से केंद्र सरकार ने यह सौगात दी है. भरतपुर में हजारों करोड़ के विकास कार्य हो रहे है पहले से ही भरतपुर शहर में फ्लाईओवर का निर्माण हो रहा है सड़के चौड़ी की जा रही हैं. मुख्यमंत्री बजट घोषणा में हीरादास से काली की बगीची, काली की बगीची से आरबीएम अस्पताल तक, हीरादास से कुम्हेर गेट तक तीन फ्लाई ओवर सेंशन हो चुके है जिनका काम जारी है.