
कांग्रेस की छात्र विंग एनएसयूआई के अध्यक्ष के लिए विनोद जाखड़ के नाम का ऐलान हो गया है. ऐसा पहली बार है जब राजस्थान से पहली बार किसी नेता को एनएसयूआई की जिम्मेदारी मिली है. कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव केसी वेणुगोपाल ने पत्र जारी कर स्पष्ट किया है कि विनोद जाखड़ अब छात्र संगठन का राष्ट्रीय नेतृत्व संभालेंगे. कुछ महीनों पहले राजस्थान विश्विद्यालय में आरएसएस के शस्त्र पूजन कार्यकम के ख़िलाफ़ जाखड़ ने बड़ा विरोध प्रदर्शन किया. इसके बाद उन्हें जेल जाना पड़ा था. साल 2018 में राजस्थान विश्विद्यालय के छात्रसंघ चुनाव में विनोद जाखड़ को एनएसयूआई ने उम्मीदवार नहीं बनाया तो उन्होंने बगावत कर चुनाव लड़ा और अध्यक्ष पद पर जीत हासिल की. विनोद जाखड़ दलित वर्ग से पहले छात्र नेता थे, जिन्होंने राजस्थान विश्वविद्यालय छात्रसंघ का चुनाव जीता. करीब 8 सालों के बाद अब जाखड़ एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष बन गए हैं.
15 छात्र नेताओं ने दिया था इंटरव्यू
एनएसयूआई के नए अध्यक्ष के चयन की प्रक्रिया इसी हफ़्ते दो दिनों तक चली. देशभर से एनएसयूआई संगठन के करीब 15 छात्र नेताओं का इंटरव्यू लिया गया. राहुल गांधी ने इनके साथ ग्रुप डिस्कशन में शामिल हुए और फिर सबका इंटरव्यू लिया. विनोद जाखड़ इससे पहले भी एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद की दौड़ में आख़िरी चरण तक पहुंचे थे और दो बार राहुल गांधी को इंटरव्यू दिया था.
.कन्हैया कुमार की नहीं चली?
अब तक एनएसयूआई के अध्यक्ष रहे वरुण चौधरी और प्रभारी कन्हैया कुमार में अनबन चल रही थी. वरुण शुरू में कन्हैया कुमार की ही पसंद थे. मतभेद के बाद कन्हैया ने नए अध्यक्ष के लिए पिछले साल सितंबर में ही आवेदन मंगवा लिए थे. लेकिन तब यह बात आगे नहीं बढ़ी थी. बताया जा रहा है कि इस बार कन्हैया कुमार को अपनी पसंद के नेता को एनएसयूआई अध्यक्ष बनवा पाने में कामयाबी नहीं मिली.





