राजस्थान सरकार के संसदीय कार्य एवं विधि मंत्री जोगाराम पटेल (Jogaram Patel) ने शुक्रवार को जोधपुर सर्किट हाउस (Jodhpur Circuit House) में मीडिया से रूबरू होते हुए सरकार का रिपोर्ट कार्ड पेश किया. उन्होंने पंचायत चुनावों (Rajasthan Panchayat Election 2026) में देरी से लेकर विधानसभा में पारित हुए ऐतिहासिक विधेयकों तक हर मुद्दे पर खुलकर बात की.

‘सरकार चुनाव नहीं टाल रही’

पंचायत चुनाव में देरी के सवाल पर मंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार चुनाव टाल नहीं रही है. उन्होंने कहा, ‘सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार ओबीसी वर्ग को राजनीतिक आरक्षण देने के लिए त्रिस्तरीय जांच जरूरी है. पिछली कांग्रेस सरकार ने ओबीसी आयोग का गठन नहीं किया, जबकि हमारी सरकार ने आते ही आयोग बनाया. अब जैसे ही आयोग की रिपोर्ट आएगी, सरकार चुनाव कराने को तैयार है.’ उन्होंने संकेत दिया कि चुनाव 15 अप्रैल के आसपास हो सकते हैं.

‘जो जानकारी गूगल पर है, उसे अलग से क्यों दें?’

विपक्ष द्वारा दस्तावेज न मिलने के आरोपों पर पटेल ने पलटवार करते हुए कहा कि जो जानकारी पब्लिक डोमेन और गूगल पर उपलब्ध है, उसे अलग से देने की जरूरत नहीं होती. उन्होंने इस विधानसभा सत्र को बेहद सफल बताते हुए कहा कि धर्मांतरण बिल और कोचिंग बिल जैसे 37 महत्वपूर्ण विधेयक पारित किए गए हैं.

रविंद्र सिंह भाटी के आरोपों पर भी दिया जवाब

शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी द्वारा युवाओं की नौकरी को लेकर उठाए गए सवालों पर मंत्री ने कहा कि कुछ युवाओं के पास बाहरी राज्यों की मार्कशीट हैं. उनके सत्यापन (Verification) में समय लग रहा है. जैसे ही वेरिफिकेशन प्रक्रिया पूरी होगी, नियुक्तियों का रास्ता साफ हो जाएगा.

‘8 लाख करोड़ के प्रोजेक्ट धरातल पर उतरे’

निवेश के मुद्दे पर उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा किए गए 35 लाख करोड़ के एमओयू में से 8 लाख करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट धरातल पर उतर चुके हैं, जो प्रदेश की आर्थिक तरक्की का प्रमाण हैं.